घर मैं कौन हूँ? इस्लाम क्या है? पैगंबर मुहम्मद का जीवन पैगंबर मुहम्मद के कथन कुरान का चमत्कार इस्लाम प्रश्न और उत्तर उन्होंने इस्लाम धर्म क्यों अपनाया? इस्लाम में पैगंबर पैगंबर यीशु इस्लामिक लाइब्रेरी अपेक्षित संदेश तामेर बद्र के लेख अपेक्षित संदेश समय के संकेत प्रकाशनों जिहाद इसलाम ज़िंदगी संदेश व्यक्तिपरक ऐतिहासिक हस्तियाँ आलोचनाओं तामेर बद्र के दर्शन दर्शन के बारे में विज़न 1980-2010 विज़न 2011-2015 विज़न 2016-2020 विज़न 2021-अब मिडिया किताबों की दुकान प्रामाणिक छह पुस्तकों में से रियाद अस-सुन्नत पुस्तक विपत्ति के समय धैर्य के गुण की पुस्तक चरवाहे और झुंड की विशेषताओं की पुस्तक प्रतीक्षा पत्रों की पुस्तक इस्लाम और युद्ध की किताब अविस्मरणीय नेताओं की पुस्तक अविस्मरणीय दिन पुस्तक अविस्मरणीय देशों की पुस्तक संचार करना लॉग इन करें नया पंजीकरण आपकी प्रोफ़ाइल पासवर्ड रीसेट सदस्यों साइन आउट गोपनीयता नीति घर मैं कौन हूँ? इस्लाम क्या है? पैगंबर मुहम्मद का जीवन पैगंबर मुहम्मद के कथन कुरान का चमत्कार इस्लाम प्रश्न और उत्तर उन्होंने इस्लाम धर्म क्यों अपनाया? इस्लाम में पैगंबर पैगंबर यीशु इस्लामिक लाइब्रेरी अपेक्षित संदेश तामेर बद्र के लेख अपेक्षित संदेश समय के संकेत प्रकाशनों जिहाद इसलाम ज़िंदगी संदेश व्यक्तिपरक ऐतिहासिक हस्तियाँ आलोचनाओं तामेर बद्र के दर्शन दर्शन के बारे में विज़न 1980-2010 विज़न 2011-2015 विज़न 2016-2020 विज़न 2021-अब मिडिया किताबों की दुकान प्रामाणिक छह पुस्तकों में से रियाद अस-सुन्नत पुस्तक विपत्ति के समय धैर्य के गुण की पुस्तक चरवाहे और झुंड की विशेषताओं की पुस्तक प्रतीक्षा पत्रों की पुस्तक इस्लाम और युद्ध की किताब अविस्मरणीय नेताओं की पुस्तक अविस्मरणीय दिन पुस्तक अविस्मरणीय देशों की पुस्तक संचार करना लॉग इन करें नया पंजीकरण आपकी प्रोफ़ाइल पासवर्ड रीसेट सदस्यों साइन आउट गोपनीयता नीति खोज अनुसंधान أكثر ما يؤلمني أن يتخلي عني من كنت أقاتل إلي جانبهم ومن أجلهم بمجرد اختلافنا في وجهات النظر ولعدم فهمهم لي. व्यवस्थापक 05/04/2025 4:10 अपराह्न No Comments 16 فبراير 2014 عندي خمسة ألاف صديق على الفيس منهم من لا أعرفهم ويعرفونني ومنهم من أعرفهم ويعرفونني ومنهم من كان يناضل بجانبي في التحرير.من كل أنواع هؤلاء الأصدقاء من يلغي صداقته بي لاختلافهم معي في وجهة النظر بالرغم من أهدافنا المشتركة.ولكن أكثر ما يؤلمني أن يتخلي عني من كنت أقاتل إلي جانبهم ومن أجلهم بمجرد اختلافنا في وجهات النظر ولعدم فهمهم لي.मेजर तामेर बद्र प्रातिक्रिया दे जवाब रद्द करेंएक टिप्पणी पोस्ट करने के लिए आप को लॉग इन करना पड़ेगा। Prevالسابقاللهم انصر إخواننا المستضعفين في أفريقيا الوسطي التاليرب السجن أحبُ إليّ مما يدعونني إليه وإلا تصرف عني كيدهن أصْبُ إليهن وأكن من الجاهلينअगला खोज अनुसंधान